Term Insurance in Hindi टर्म प्लान के बारे में

Term Insurance in Hindi टर्म प्लान के बारे में विस्तार से हिंदी में जानकारी. टर्म इंश्योरंस प्लान क्या होता है, इसकी क्या विशेषताएं हैं, टर्म बीमा प्लान किस तरह बाकी जीवन बीमा प्लान्स से अलग है और टर्म प्लान लेना चाहिए या नहीं. टर्म इंश्योरंस लेने के क्या फायदे हैं और इससे टैक्स कैसे बचता है. साथ ही देखेंगे कि टर्म इंश्योरंस प्लान लेते समय किन किन बातों का ध्यान रखना चाहिए.

Term Insurance in Hindi टर्म प्लान के बारे में
Term Insurance in Hindi टर्म प्लान के बारे में

आज के समय में जब इतनी सारी इंश्योरंस कम्पनियां अपने बीमा प्लान बेचने के लिए इतना जोर लगा रही हैं तो ऐसे में अपने लिए सही जीवन बीमा प्लान चुनना कठिन काम हो जाता है. अलग अलग जीवन बीमा प्लानों के बारे में जानकर कि कौन सा प्लान मेरी जरूरतों को पूरा करता है, अपने लिए जीवन बीमा प्लान खरीदना चाहिए. इससे पहले हमने आपको जीवन बीमा के अलग अलग प्रकारों के बारे में बताया था तथा साथ ही एंडोमेंट प्लान के बारे में विस्तार से बताया था. आज हम आपको टर्म इंश्योरंस प्लान के बारे में विस्तार से बताएँगे.

Term Insurance in Hindi टर्म इंश्योरंस प्लान क्या है

टर्म इंश्योरेंस पॉलिसी – टर्म इंश्योरेंस प्लान एक प्रकार का जीवन बीमा है और यह समय की परिभाषित अवधि के लिए जीवन कवर प्रदान करता है और अगर बीमा पॉलिसी की अवधि के दौरान बीमा धारक की मृत्यु हो जाती है तो मृत्यु लाभ नामांकित व्यक्ति यानि नॉमिनी को देय होता है।

टर्म इंश्योरेंस प्लान को विशेष रूप से इस तरह से डिजाईन किया गया है जिससे कि मृत्यु या अनिश्चितता के मामले में बीमाधारक के परिवार की आवश्यकताओं को सुरक्षित रखा जा सके. यह एक निर्धारित समय अवधि के लिए कवरेज की निर्धारित राशि प्रदान करता है। साधारण शब्दों में कहें तो टर्म इंश्योरेंस प्लान लेते समय बीमा की अवधि और बीमा की राशी का निर्धारण कर दिया जाता है.

टर्म इंश्योरंस प्लान की क्या विशेषताएं हैं

टर्म इंश्योरेंस प्लान में यदि पॉलिसीधारक की बीमा अवधि के दौरान मृत्यु हो जाती है तो मृत्यु लाभ नामित व्यक्ति को दिया जाता है। टर्म बीमा पॉलिसियों के प्रीमियम सभी प्रकार की जीवन बीमा पॉलिसियों में सबसे कम होता हैं. इस पालिसी में प्रीमियम कम हैं क्योंकि कोई इसमें कोई निवेश का घटक नहीं है और जोखिम को कवर करने के लिए पूरा प्रीमियम चला जाता है. इसके विपरीत एंडोमेंट प्लान तथा मनी बैक प्लान में प्रीमियम का एक भाग जीवन बीमा के रिस्क कवर में जाता है और बाकी भाग निवेश किया जाता है. टर्म इंश्योरेंस प्लान में पॉलिसी अवधि समाप्त होने के बाद जीवित रहने पर कोई परिपक्वता लाभ नहीं मिलता है।


टर्म इंश्योरंस प्लान लेते समय किन बातों का ध्यान रखना चाहिए

टर्म इंश्योरंस प्लान लेने से पहले इन बातों का ध्यान रखना चाहिए:

  1. बीमा कंपनी कितनी अच्छी है.
  2. आपको कितने कवर की जरूरत है.
  3. बीमा कंपनी के दावा निपटान अनुपात की जांच करें अर्थार्त कंपनी द्वारा निपटाए गए इंश्योरेंस के दावों में से कितने प्रतिशत दावे खारिज कर दिए गए थे.
  4. प्रीमियम और कवरेज लाभ में मुद्रास्फीति के कारक. आप जो बीमा कवर ले रहे हैं और जिस अवधि के लिए ले रहे हैं उसमें यह भी देख लें कि आने वाले समय में मुद्रास्फीति  के कारण आपके परिवार की आवश्यकताएं कितनी बढ़ जायेंगी.
  5. विभिन्न बीमा कंपनियों के नियम और शर्तों की तुलना करें.
  6. आप दो अलग-अलग बीमा कंपनी से दो टर्म इंश्योरेंस प्लान भी ले सकते हैं, यह आपको दो कंपनियों में से किसी एक से दावे की अस्वीकृति के मामले में बचाएगा.
  7. यह भी जान लें कि जीवन बीमा का प्रीमियम कैसे निर्धारित होता है.
  8. टर्म प्लान आप ऑनलाइन या ऑफ़लाइन ले सकते हैं. हो सकता है आपको ऑनलाइन प्लान सस्ता पड़ जाए.

टर्म इंश्योरंस प्लान पर टैक्स लाभ

सभी जीवन बीमा पॉलिसियों के लिए भुगतान किए गए प्रीमियम को आयकर अधिनियम, 1961 की धारा 80 सी के तहत कर से छूट दी गई है।

यह थी Term Insurance in Hindi टर्म प्लान के बारे में जानकारी आसान हिंदी में विस्तार से.